1 सितंबर से इलेक्ट्रिक बसों और ट्रक्स के लिए सख्त घरेलू विनिर्माण नियम लागू हो गए।
सब्सिडी के लिए मैग्नेट, स्टेटर, रोटर, शाफ्ट और BMS की घरेलू मैन्युफैक्चरिंग जरूरी।
सप्लाई दिक्कतों के बावजूद सरकार ने घरेलू वैल्यू एडिशन को प्राथमिकता दी।
AITechNews.co.in पर आज ही पूरी खबर विस्तार से पढ़ें!